कुरुक्षेत्र: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने छोटे साहिबजादों बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह के बलिदान दिवस पर राज्य स्तरीय वीर बाल दिवस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने साहिबजादों की अद्वितीय शहादत को नमन करते हुए कहा कि उनका बलिदान न केवल सिख समुदाय बल्कि पूरे देश के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
साहिबजादों के बलिदान का स्मरण
सीएम सैनी ने अपने संबोधन में कहा, “जब बच्चों के खेलने-कूदने की उम्र होती है, उस समय बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह ने देश और धर्म की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। इनकी वीरता की कहानियां हमें सिखाती हैं कि धर्म और देश की रक्षा के लिए किसी भी बलिदान से पीछे नहीं हटना चाहिए।” उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वीर बाल दिवस की घोषणा कर प्रधानमंत्री ने साहिबजादों की स्मृति को सम्मानित किया है।
नशे के खिलाफ जन आंदोलन की अपील
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए एक जन आंदोलन शुरू करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, “हम सभी को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हमारे युवा नशे की गिरफ्त में न जाएं। इसके लिए समाज को एकजुट होकर प्रयास करना होगा।”
पुस्तक विमोचन और प्रदर्शनी का उद्घाटन
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने साहिबजादों की वीरता पर आधारित एक पुस्तक का विमोचन किया। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक साहिबजादों के बलिदान और उनके योगदान को जन-जन तक पहुंचाने का एक माध्यम बनेगी। इसके अलावा, उन्होंने गुरुद्वारा छठी पातशाही में माथा टेकने के बाद सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। प्रदर्शनी में साहिबजादों की शहादत और उनके जीवन पर प्रकाश डाला गया।
सिख संगत और नेताओं की उपस्थिति
इस आयोजन में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ोली, पूर्व मंत्री सुभाष सुधा, एचएसजीपीसी अध्यक्ष भूपेंद्र असंध, बलजीत सिंह दादूवाल सहित भारी संख्या में सिख संगत उपस्थित रही। सभी ने साहिबजादों के बलिदान को नमन किया और उनके पदचिह्नों पर चलने का संकल्प लिया।